नशे की लत को छोड़ें, योग अपनाएं और विकसित भारत के निर्माण में दें योगदान: भजनलाल
जयपुर, 06 अक्टूबर। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने योग को प्राचीन भारतीय संस्कृति और ऋषियों की अनमोल धरोहर बताते हुए आमजन से आह्वान किया है कि वे नशे की लत को छोड़कर योग को अपने दैनिक जीवन का
हिस्सा बनाते हुए विकसित भारत-विकसित राजस्थान के निर्माण में अपना योगदान दें।
श्री शर्मा मंगलवार को अलंकार पीजी कॉलेज में 51वीं सब जूनियर एवं जूनियर राष्ट्रीय योगासन स्पोर्ट्स चैम्पियनशिप के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि इस धरोहर ने पूरी दुनिया को स्वस्थ, संयमित और संतुलित जीवन जीने की कला सिखाई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी प्रयासों और वैश्विक कूटनीति की बदौलत संयुक्त राष्ट्र ने हर साल 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की। आज योग, ध्यान और प्राणायाम विश्व के करोड़ों लोगों की दिनचर्या का हिस्सा बन चुके हैं। यह ज्ञान परंपरा मानव कल्याण का वैश्विक माध्यम बन रही है।
उन्होंने कहा कि एकाग्रता को बढ़ाने में, निर्णय क्षमता को मजबूत करने और जीवन में सकारात्मकता लाने में योग की अहम भूमिका है। आज जब पूरी दुनिया बदलती जीवनशैली और अनेक स्वास्थ्य चुनौतियों का सामना कर रही है। ऐसे समय में योग स्वस्थ मन और तन के लिए सबसे सरल, सहज और प्रभावी माध्यम है।

