निवेश अनुकूलता सूचकांक में राजस्थान ‘अग्रणी राज्य’, बड़े राज्यों में 8वीं रैंक
जयपुर, 19 जुलाई। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में निवेश प्रोत्साहन के लिए किए गए प्रयासों को राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी उपलब्धि मिली है। नीति आयोग के निवेश अनुकूलता सूचकांक में राजस्थान को ‘अग्रणी राज्य’ की श्रेणी में शामिल किया गया है। समग्र रैंकिंग में प्रदेश देशभर में 10वें और बड़े राज्यों में 8वें स्थान पर रहा। रिपोर्ट के अनुसार, बड़े राज्यों में राजस्थान ने नियमों के सरलीकरण में दूसरा, निवेश प्रोत्साहन नीतियों में तीसरा और संसाधनों के क्षेत्र में पांचवां स्थान हासिल किया है। राज्य सरकार के अनुसार, राज निवेश पोर्टल पर अब 18 विभागों की 190 सेवाएं उपलब्ध हैं, जिससे निवेशकों को समयबद्ध और पारदर्शी सेवाएं मिल रही हैं। नए बिजली कनेक्शन और पर्यटन परियोजनाओं की स्वीकृति अवधि में भी उल्लेखनीय कमी आई है।पिछले ढाई वर्षों में राज्य सरकार ने एमएसएमई, लॉजिस्टिक्स, डेटा सेंटर, सेमीकंडक्टर, एयरोस्पेस, डिफेंस सहित 30 से अधिक नई निवेश एवं औद्योगिक नीतियां लागू की हैं। वहीं, राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट के जरिए 35 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश समझौते हुए, जिनमें करीब 9 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाओं की ग्राउंड ब्रेकिंग हो चुकी है। सरकार का दावा है कि इन सुधारों से राजस्थान निवेशकों के लिए अधिक भरोसेमंद और उद्योग-अनुकूल राज्य के रूप में उभरा है।

