जयपुर जिला कलक्टर ने की स्व-गणना, ऑनलाइन प्रक्रिया को बताया सरल; आमजन से की भागीदारी की अपील
जयपुर, 4 मई। जनगणना 2027 के प्रथम चरण के अंतर्गत जयपुर जिला कलक्टर श्री संदेश नायक ने सोमवार को कलेक्ट्रेट में स्व-गणना कर अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाते हुए जयपुर जिले के नागरिकों से अपील की कि वे इस महत्वपूर्ण अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं और स्वयं अपनी जानकारी ऑनलाइन दर्ज करें, जिससे सटीक एवं अद्यतन आंकड़े प्राप्त हो सकें। जिला कलक्टर ने स्व-गणना पोर्टल https://se.census.gov.in के माध्यम से अपनी जानकारी स्वयं ऑनलाइन स्मार्टफोन पर दर्ज की तथा बताया कि यह प्रक्रिया अत्यंत सरल, सुरक्षित एवं समय की बचत करने वाली है। स्व-गणना की पूरी प्रक्रिया चन्द मिनटों में आसानी से पूर्ण की जा सकती है।उन्होंने बताया कि ऑनलाइन स्व-गणना प्रक्रिया में सबसे पहले पोर्टल पर लॉगिन कर बेसिक जानकारी दर्ज करनी होती है, जिसके बाद हाउसहोल्ड रजिस्ट्रेशन में परिवार के मुखिया का नाम एवं मोबाइल नंबर दर्ज किया जाता है। इसके पश्चात ओटीपी के माध्यम से सत्यापन कर पोर्टल पर दी गई भाषाओं में से अपनी पसंद की भाषा का चयन किया जाता है। आगे की प्रक्रिया में जिला, क्षेत्र, मोहल्ला एवं लैंडमार्क सहित लोकेशन से संबंधित जानकारी भरनी होती है तथा मैप पर अपने घर की सटीक लोकेशन मार्क करनी होती है। इसके बाद घर एवं परिवार से संबंधित जानकारी जैसे मकान की स्थिति, परिवार के सदस्यों की संख्या एवं उपलब्ध सुविधाओं का विवरण दर्ज किया जाता है। अंत में सभी जानकारी का सावधानीपूर्वक पुनः अवलोकन कर फॉर्म सबमिट किया जाता है, जिसके पश्चात 11 अंकों का एसई आईडी प्राप्त होता है, जिसे सुरक्षित रखना आवश्यक है।
उन्होंने बताया कि इस प्रक्रिया में कुल 33 प्रश्नों के उत्तर देने होते हैं, जिनमें मकान की स्थिति, स्वामित्व, परिवार के सदस्य, पानी, बिजली, शौचालय, किचन, इंटरनेट एवं वाहनों से संबंधित जानकारी शामिल होती है। स्व-गणना अभियान 1 मई से 15 मई तक संचालित किया जा रहा है, जिसके पश्चात 16 मई से 14 जून तक डोर-टू-डोर सर्वे किया जाएगा। इस कार्य में लगभग 50 हजार सरकारी कर्मचारी लगाए गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि एक मोबाइल नंबर से केवल एक ही हाउसहोल्ड पंजीकृत किया जा सकता है तथा फॉर्म अधूरा छोड़ने पर उसे मान्य नहीं माना जाएगा। डोर-टू-डोर सर्वे के दौरान प्रगणक को एसई आईडी दिखाना आवश्यक होगा। जिला प्रशासन द्वारा इस अभियान के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए विभिन्न माध्यमों का उपयोग किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक नागरिक इस प्रक्रिया में शामिल हो सकें।

